(उत्तरकाशी) : बकरी पालन के लिए सरकारी अंशदान का चेक देने के एवज में आठ हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए नौगांव पशु चिकित्सालय में तैनात चिकित्सक मोनिका गोयल को विजिलेंस की टीम ने रंगे हाथों पकड़ा। देहरादून विजिलेंस कार्यालय में ही आरोपित पशु चिकित्सक के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज की गई है। इस घटना से उत्तरकाशी पशुपालन विभाग सहित अन्य विभागों में हड़कंप मचा हुआ है। मध्य प्रदेश मुरैना निवासी डा. मोनिका गोयल पशुपालन विभाग उत्तरकाशी में 2011 से तैनात है।
विजिलेंस एसपी धीरेंद्र गुंज्याल ने कहा कि विजिलेंस पुलिस उपाधीक्षक रेनू लोहानी ने शिकायती पत्र के आधार पर गोपनीय जांच करवाई। जांच में प्रथम दृष्टया आरोप सही पाए गए। जिस पर उन्होंने एक ट्रैप टीम का गठन किया। बुधवार को यह टीम नौगांव पहुंची। जहां नौगांव पशु अस्पातल में तैनात पशु चिकित्सक डा. मोनिका गोयल को आठ हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ पकड़ा। वहीं आरोपित को रंगे हाथों गिरफ्तार करने वाली टीम के उत्साहवर्धन के लिए निदेशक विजिलेंस ने परितोषित देने की घोषणा की।
